Participating partners:


    क्यों नहीं रुकते हादसे :

  • Ghanshyam Bairagi
    Ghanshyam Bairagi
    • Posted on August 18, 2018
    क्यों नहीं रुकते हादसे :

    लेडल से हाट मेटल छलकने से
    भिलाई इस्पात संयंत्र में दो कर्मी घायल

    ब्लास्ट फर्नेस 1 की है घटना :

    भिलाई : गुरुवार को रात्रि पाली में सुबह लगभग 3:30 बजे लेडल में मेटल भरते समय अचानक मेटल तेजी से छलक कर ऊपर उछल गया और ब्लास्ट फर्नेस 1 के एफ.एफ.सी.आर. में पदस्थ इमैनुअल मिंज तथा ठेका कर्मी रवि कुमार जांगडे को अपनी चपेट में ले लिया जिससे रवि कुमार जांगडे का शरीर 80% जल गया है.
    प्राप्त जानकारी के अनुसार 16 तारीख की रात्रि पाली में (17तारीख सुबह)लगभग 3:30 बजे जब ब्लास्ट फर्नेस -1 से मेटल टेपिंग हो रहा था और लेडल में भरा जा रहा था, तभी अचानक एक लेडल में मेटल (तरल लोहा) भरते समय पूरा मैटल छलक कर ऊपर तक आया और ठेका कर्मी रवि कुमार जांगडे को अपनी चपेट में ले लिया. थोड़ी दूर पर खड़े इमैनुअल मींज़ पर भी मेटल के छींटें पढ़ने से उनका भी शरीर जल गया .
    पाली प्रभारी नशीले ने तुरंत उन्हें मैन मेडिकल पोस्ट पहुंचाया जहां से उन्हें सेक्टर-9 भेज दिया गया. दोनों घायलों को बर्न यूनिट में भर्ती किया गया है.

    सीटू की सुरक्षा समिति ने घटनास्थल का दौरा किया एवं घायलों का हाल चाल जाना -

    घटना की जानकारी मिलते ही सीटू की सेफ्टी कमेटी ब्लास्ट फर्नेस विभागीय समिति तथा टी एंड डी, (ब्लास्ट स्टेशन) की समिति के संयुक्त दल ने घटनास्थल का दौरा किया और वहाँ के कर्मियों से चर्चा की.
    जांच के पश्चात पता चला कि जिस लेडल में विस्फोट हुआ वह फाउंड्री शॉप में भेजा जाने वाला लेडल है और इसलिए उसमें फेरो एलॉय डाला गया था. जांच दल के अनुभवी सदस्यों को आशंका हुई कि फेरो एलॉय गीला होने की वजह से यह दुर्घटना घटी होगी.
    ज्ञात हो कि फेरो एलाय को एल.आर.एस. में लेडल तैयार होते समय ही डाला जाता है. जांच दल ने तुरंत एल.आर.एस. पहुँच कर जांच की तो पाया कि फेरो एलाय खुले में पड़ा है और बारिश गिरने की वजह से गीली हो गई है.

    2 दिन पूर्व भी हो चुकी थी घटना -

    एल आर एस के कर्मियों से जानकारी मिली कि 2 दिन पूर्व सोमवार को भी एक मेटल से भरे हुए लेडल में फेरो एलाय की बोरी डालने के पश्चात इस तरह का विस्फोट हुआ था, किंतु कोई हताहत नहीं हुआ था इसलिए मामले का खुलासा नहीं हुआ.

    कारखाना निरीक्षक ने भी किया घटनास्थल का दौरा -

    बीएसपी के कारखाना निरीक्षक एवं उप संचालक, औद्योगिक स्वास्थ्य एवं सुरक्षा के.के.द्विवेदी, महाप्रबंधक (सुरक्षा) टी पांड्या राज एवं उप महाप्रबंधक (सुरक्षा) वाई.के. श्रीवास्तव के साथ घटनास्थल का दौरा करने पहुंचे. उन्होंने सीटू के जाँच दल को रोककर उनसे भी उनकी राय पूछी.
    इसी दौरान कुछ कर्मियों ने उन्हें आधा किलो मीटर दूर स्थित एल.आर.एस. में खुले में पड़ी फेरो एलॉय की गीली बोरियों के बारे में भी बता दिया.

    2 दिन पूर्व लोको क्रमांक 29 पर गिरा था फ्लू डस्ट पाइप -

    इस दौरान कुछ कर्मियों ने जांच दल को 2 दिन पूर्व हुए एक और हादसे के बारे में जानकारी दी, जिसमें लेडल में मेटल भरते समय ऊपर से न्यूडिस्ट पाइप टूट कर लोगों पर गिरी थी किंतु कोई बड़ा हादसा नहीं हुआ.

    विभागीय सुरक्षा अधिकारी ने घटना के बारे में अनभिज्ञता जाहिर की -

    जांच दल ने विभागीय सुरक्षा अधिकारी मिश्रा से घटना के बारे में जानकारी मांगी किंतु मिश्रा ने घटना के बारे में किसी भी तरह की जानकारी के प्रति अपना अपनी अनभिज्ञता जाहिर की.

    अधिशासी निदेशक (संकार्य) से मिला सीटू प्रतिनिधि मंडल -

    सीटू प्रतिनिधि मंडल अधिशासी निदेशक पीके दास से मिलकर भी चर्चा की. दास ने कहा कि मामले की जांच की जा रही है और जांच के बाद ही दुर्घटना की असली वजह का पता लग पाएगा.
    इस पर जांच दल ने अपने निष्कर्ष से उन्हें अवगत कराया. उन्होंने आश्वासन दिया कि सीटू यूनियन द्वारा निष्कर्ष में बताए गए कारणों पर भी विचार कर उचित कदम उठाया जाएगा.
    प्रबंधन से चर्चा के दौरान अधिशासी निदेशक(संकार्य) श्री पी.के.दास के अलावा डी.पी.सत्पथी, उप महाप्रबंधक (कार्मिक) तथा बी.महाराणा महाप्रबंधक प्रभारी (सेवायें) शामिल थे.

    अब भी बना है प्रश्न ! -

    यह कहना आश्चर्य नहीं होगा, कि भिलाई इस्पात संयंत्र में ऐसी घटना फिर नहीं होगी. यह अब भी प्रश्न बना हुआ है, कि डिजिटाइजेशन के बाद भी संयंत्र के कर्मी काम करते हुए कितने सुरक्षित रहे हैं. क्योंकि, घटना होती है, कोई श्रमिक झुलस गया ; तभी सच सामने आती है...
    Post Comments Now
    Comments